prem, ishq, ashiqi, pyaar

prem, ishq, ashiqi, pyaar

 

 

दिमक लगने से लकड़ी खोखली हो जाती हैं ।

जंक लगने से लोहा बेकार हो जाता हैं ।

रौशनी की एक किरन काले घने अंधेरे को निगल लेता हैं ।

ऊसी प्रकार प्रेम रोग जब हो जाता हैं ।

तो ये बीमारी अपने रोगियो को जीते हुए भि जीने नहीं देती ।

प्यार होने से इंसान खोखला हो जाता हैं ।


प्यार का नशा एक बार हो जाये ।

तो फिर ज़िन्दगी भर नहीं उतरता ।

हर नशे की दवा हैं प्यार ।

हर रोग से अलग हैं ये रोग प्रेम रोग ।


prem, ishq, ashiqi, pyaar
 ishq pick
 

By Shivam Kumar Mishra

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